2025 Women’s World Cup XI Seniors: महिला क्रिकेट का रोमांच हर वर्ल्ड कप के साथ बढ़ता है, लेकिन इस बार का टूर्नामेंट कई दिग्गज खिलाड़ियों के लिए आखिरी भी साबित हो सकता है। इस टूर्नामेंट में कई ऐसी खिलाड़ी खेल रहीं हैं, जिन्होंने सालों तक अपनी टीम का भार उठाया और दुनिया भर में क्रिकेट फैंस को कई यादगार पल दिए।
उन खिलाड़ियों की उम्र भले ही बढ़ रही हो, लेकिन इन खिलाड़ियों का जज्बा और मेहनत आज भी उतनी ही जोशीली है। इस आर्टिकल में हम उन उम्रदराज खिलाड़ियों की सर्वश्रेष्ठ प्लेइंग XI बनाने जा रहे हैं, जो शायद अगले वनडे वर्ल्ड कप में ना खेलते हुए दिखें।
ये हैं वीमेंस वर्ल्ड कप 2025 में उम्रदराज खिलाड़ियों की सर्वश्रेष्ठ प्लेइंग XI
1. एलिसा हीली (ऑस्ट्रेलिया)
ऑस्ट्रेलिया की कप्तान और विकेटकीपर एलिसा हीली टीम की सबसे भरोसेमंद बल्लेबाज हैं। उन्होंने वीमेंस वर्ल्ड कप 2022 में 509 रन बनाए थे, जिसमें दो शतक शामिल थे। उनके खेल की ताकत सिर्फ रन बनाने में नहीं, बल्कि मैच को मोड़ने की क्षमता में भी दिखती है। हालांकि, चोटों और उम्र को देखते हुए उन्होंने साफ कर दिया है कि 2028 ओलंपिक या उसके बाद वह नहीं खेलेंगी। लेकिन इस टूर्नामेंट में उनका अनुभव और बल्लेबाजी टीम के लिए बेहद अहम रहेगा।
2. सूजी बेट्स (न्यूजीलैंड)
38 साल की सूजी बेट्स ने महिला क्रिकेट में लंबा करियर बनाया है। 2013 वर्ल्ड कप में वह प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट रहीं और अब तक पांच वर्ल्ड कप खेल चुकी हैं। सूजी ने हाल ही में कहा कि यह शायद उनका आखिरी टूर्नामेंट होगा। उनके लिए अब सबसे बड़ी प्राथमिकता सिर्फ टीम को जीत दिलाना और हर मैच में अपना योगदान देना है। उन्होंने खुद कहा, “जैसे-जैसे उम्र बढ़ती है, आप हर मैच में सिर्फ जीत में योगदान देना चाहते हैं।”
3. चामरी अटापट्टू (श्रीलंका)
श्रीलंका की कप्तान चामरी अटापट्टू टीम की सबसे बड़ी खिलाड़ी और ऑलराउंडर हैं। वह चाहती हैं कि रिटायर होने से पहले अपनी टीम को पहली बार वर्ल्ड कप के सेमीफाइनल तक पहुंचाएं। पिछले कुछ सालों में उनका प्रदर्शन शानदार रहा है। जून 2023 में उन्होंने लगातार तीन शतक बनाए, जिनमें दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ नाबाद 195 रनों की नाबाद पारी शामिल थी। उनकी कप्तानी और अनुभव, युवा खिलाड़ियों के लिए मार्गदर्शक की तरह काम करता है।
4. हरमनप्रीत कौर (भारत)
36 साल की हरमनप्रीत कौर अपने करियर का पांचवां वीमेंस वनडे वर्ल्ड कप खेल रही हैं। यह टूर्नामेंट उनके लिए काफी खास है, क्योंकि यह कप्तान के रूप में उनका पहला वर्ल्ड कप है। उनके करियर का सबसे यादगार पल वर्ल्ड कप 2017 सेमीफाइनल में 171 रनों की पारी रही, जिसने भारत को फाइनल में पहुंचाया था। हरमनप्रीत का लक्ष्य टीम पर दबाव डालने की बजाय सिर्फ अच्छा क्रिकेट खेलना है।
5. सोफी डिवाइन (न्यूजीलैंड)
सोफी डिवाइन ने पहले ही टी20 क्रिकेट से रिटायरमेंट की घोषणा कर दी थी। वह इस टूर्नामेंट के अंत में 50-ओवर क्रिकेट से भी संन्यास लेंगी। वह एक बेहतरीन बल्लेबाज होने के साथ-साथ गेंदबाजी में भी सक्षम हैं। उनके लिए यह टूर्नामेंट डबल जीत का मौका है, पहला अपने करियर का शानदार अंत और दूसरा टीम के लिए ट्रॉफी जीतना।
6. हीदर नाइट (इंग्लैंड)
हीदर नाइट ने अपने करियर में कई उतार-चढ़ाव देखे हैं। उन्होंने इंग्लैंड की कप्तानी खोई, चोटों का सामना किया और लंबे समय तक रिकवरी पर काम किया। अब वह 35 साल की उम्र में चौथे वर्ल्ड कप में हिस्सा ले रही हैं। हीदर की अनुभव और स्थिरता इंग्लैंड टीम के लिए काफी अहम होगा।
7. मरिज़ाने कैप (साउथ अफ्रीका)
मरिज़ाने कैप अपनी टीम की सबसे बड़ी खिलाड़ी मानी जाती हैं। उनका करियर 16 साल लंबा रहा है और उन्होंने अब तक पांच वर्ल्ड कप खेले हैं। कैप का अनुभव और परिश्रम उनकी टीम को लगातार टूर्नामेंट में प्रतिस्पर्धी बनाए रखता है। उनकी बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों ही टीम के लिए मददगार साबित होती हैं।
8. एलिस पेरी (ऑस्ट्रेलिया)
एलिस पेरी ने 16 साल की उम्र में अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में डेब्यू किया था और अब 35 साल की उम्र में भी ऑस्ट्रेलिया की टीम का अहम हिस्सा हैं। उनके करियर में 18 साल बीत चुके हैं और वह बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों में शानदार प्रदर्शन करती हैं। पेरी की उपस्थिति किसी भी मैच को चुनौतीपूर्ण और रोमांचक बना देती है।
9. मेगन शट (ऑस्ट्रेलिया)
मेगन शट का यह आखिरी 50-ओवर वर्ल्ड कप है। वह ऑस्ट्रेलिया की तेज गेंदबाज हैं और टूर्नामेंट में अपने करियर की शुरुआत के स्थान पर लौटकर खेल रही हैं। उनका अनुभव टीम के लिए बेहद महत्वपूर्ण है और वह खिलाड़ियों के बीच युवा और अनुभव का संतुलन बनाए रखती हैं।
10. इनोका राणावीरा (श्रीलंका)
39 साल की इनोका राणावीरा श्रीलंका की लेफ्ट-आर्म स्पिनर हैं। उन्होंने अब तक 164 व्हाइट-बॉल मैच खेले हैं और कई शानदार प्रदर्शन किए हैं। राणावीरा ने वर्ल्ड कप 2017 में कप्तानी की थी और इस टूर्नामेंट में वापसी कर रही हैं। उनके अनुभव से युवा खिलाड़ियों को सीखने का मौका मिलेगा।
11. उदेशिका प्रभोधन (श्रीलंका)
उदेशिका प्रभोधन 40 साल की अनुभवी लेफ्ट-आर्म तेज गेंदबाज हैं। वह पिछले साल चोट से उबरकर टूर्नामेंट में शामिल हुई हैं। उनका अनुभव और रणनीति टीम को मजबूत बनाती है और युवा खिलाड़ियों के लिए प्रेरणा का काम करती है।
12. लिया तहुहू (न्यूजीलैंड)
लिया तहुहू 35 साल की तेज गेंदबाज हैं और न्यूजीलैंड की सीनियर खिलाड़ी हैं। वह युवा और अनुभवी खिलाड़ियों के बीच संतुलन बनाए रखती हैं और टीम की गेंदबाजी को मजबूत करती हैं। हाल ही में उन्होंने भारत के खिलाफ शानदार प्रदर्शन किया था। अब वह वीमेंस वर्ल्ड कप 2025 में भी अपना जलवा बिखेरती नजर आएंगी।
वीमेंस वर्ल्ड कप 2025 से जुड़ी ताजा खबरों के लिए Sports Digest Hindi पर विजिट करते रहें और हमें यूट्यूब, फेसबुक, इंस्टाग्राम, और ट्विटर (X) पर भी फॉलो करें।







