अब तक ऑस्ट्रेलिया के लिए अंतरराष्ट्रीय टी20 क्रिकेट में सिर्फ तीन खिलाड़ियों ने अपने पहले मैच में 50 या उससे ज़्यादा रन बनाए हैं।
टी20 एक तेज़ और सबसे रोमांचक फॉर्मेट है, जहाँ इतने जल्दी रन बनाना आसान नहीं होता। इसके लिए खिलाड़ी को धैर्य, सही टाइमिंग और अच्छे शॉट्स खेलने की कला आनी चाहिए।
पुरुषों के अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कई खिलाड़ियों ने यह खास उपलब्धि हासिल की है, लेकिन ऑस्ट्रेलिया के सिर्फ तीन खिलाड़ियों ने ऐसा किया है। दिलचस्प बात यह है कि जब भी किसी ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज़ ने अपने डेब्यू टी20 मैच में 50+ रन बनाए, उस मैच में ऑस्ट्रेलिया को जीत मिली
1. रिकी पोंटिंग – 55 गेंदों पर 98* रन बनाम न्यूजीलैंड (2005)
न्यूज़ीलैंड के खिलाफ मैच में ऑस्ट्रेलिया की शुरुआत खराब रही। ओपनर एडम गिलक्रिस्ट और माइकल क्लार्क दोनों ही दूसरे ओवर में आउट हो गए। इसके बाद जिम्मेदारी कप्तान रिकी पोंटिंग और बाकी बल्लेबाज़ों पर आ गई। शुरुआत में पोंटिंग ने 30 गेंदों पर 40 रन बनाए, लेकिन फिर उन्होंने अपनी लय पकड़ ली। उन्होंने अर्धशतक पूरा किया, हालांकि टीम ने एक ओवर में पाँच विकेट गंवा दिए। पारी का सबसे रोमांचक पल डेरिल टफ़ी के ओवर में आया, जब पोंटिंग ने उनकी छह गेंदों पर 30 रन ठोक दिए। आखिरी ओवर में तीन गेंदें खेलने के बाद भी वह सिर्फ़ दो रन से शतक से चूक गए।

ऑस्ट्रेलिया ने 214/5 का मजबूत स्कोर बनाया। गेंदबाज़ी में माइकल कास्प्रोविच ने शानदार प्रदर्शन करते हुए चार विकेट लिए और न्यूज़ीलैंड को 20 ओवर में 170 रन पर रोक दिया।
2. डेविड वार्नर – 43 गेंदों पर 89 रन बनाम दक्षिण अफ्रीका (2009)
दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ अपने पहले टी20 मैच में डेविड वार्नर ने शानदार शुरुआत की। उन्होंने मखाया एंटिनी की गेंदों पर दो छक्के और एक चौका लगाकर तेजी से रन बनाए और अपनी लय पकड़ ली। इसके बाद डेल स्टेन के पहले ओवर में लगातार दो जोरदार शॉट लगाकर वार्नर ने सिर्फ़ 19 गेंदों में अर्धशतक पूरा कर लिया, जो उनके डेब्यू मैच के लिए एक जबरदस्त उपलब्धि थी।

हालाँकि, उनका तूफ़ानी प्रदर्शन 14वें ओवर में खत्म हो गया। फिर भी, उन्होंने इतनी शानदार पारी खेली कि एमसीजी स्टेडियम में मौजूद दर्शक खड़े होकर तालियाँ बजाने लगे। ऑस्ट्रेलिया ने अपनी पारी में 20 ओवर में 9 विकेट पर 182 रन बनाए और यह मैच 52 रनों से जीत लिया।
3. मिशेल ओवेन – 27 गेंदों पर 50 रन बनाम वेस्टइंडीज (2025)
वेस्टइंडीज के खिलाफ पाँच मैचों की टी20 सीरीज़ के पहले मुकाबले में मिचेल ओवेन तब बल्लेबाज़ी करने आए जब ऑस्ट्रेलिया की हालत खराब थी। टीम ने नौवें ओवर तक चार विकेट खो दिए थे। ओवेन ने आते ही मैच का रुख बदल दिया। उन्होंने पहले आंद्रे रसेल की गेंदों पर दो छक्के लगाए और फिर अकील होसेन के एक ही ओवर में तीन छक्के जड़ दिए। उनकी तेज़ पारी से खेल पूरी तरह ऑस्ट्रेलिया के पक्ष में चला गया। उन्होंने कुल 6 छक्के लगाए और उसी के बाद आउट हो गए, लेकिन तब तक टीम मज़बूत स्थिति में पहुँच चुकी थी।

उनकी 40 गेंदों में 80 रनों की साझेदारी ऑस्ट्रेलिया की तीन विकेट की जीत में अहम रही। गेंदबाज़ी में उन्होंने एक ओवर में भले ही 14 रन दिए, लेकिन पहली पारी में शाई होप (55 रन, 39 गेंदें) का महत्वपूर्ण विकेट लेकर टीम को बढ़त दिलाई।

