India Women vs South Africa Women Women’s World Cup 2025 Final Preview: नवी मुंबई के डीवाई पाटिल स्टेडियम में रविवार 02 नवंबर को महिला क्रिकेट एक नए अध्याय का गवाह बनेगा। पहली बार महिला वनडे वर्ल्ड कप के फाइनल में न तो ऑस्ट्रेलिया खेल रही है और न इंग्लैंड, इसलिए यह तय है कि रविवार की रात एक नई महिला विश्व चैंपियन को ताज पहनाया जाएगा।
भारतीय महिला टीम और दक्षिण अफ्रीका महिला टीम दोनों ने पिछले एक दशक में अपने खेल को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया है और इस टूर्नामेंट के दौरान भी कई चुनौतियों को पार किया है। अब दोनों टीमें उस मंजिल से सिर्फ एक कदम दूर हैं जिसका इंतजार कई सालों से किया जा रहा था।
यह मुकाबला केवल ट्रॉफी जीतने का नहीं, बल्कि महिला क्रिकेट के भविष्य को नई दिशा देने का अवसर भी है। दोनों देशों में महिला क्रिकेट के लिए यह सफलता नई पीढ़ी की लड़कियों को प्रेरित कर सकती है और खेल को एक बड़े स्तर पर आगे बढ़ा सकती है।
भारतीय महिला टीम अपने घरेलू दर्शकों के सामने लगातार चौथा मैच खेलने उतरेगी, जबकि दक्षिण अफ्रीका पहली बार इस मैदान पर उतरेगा, इसलिए परिस्थितियों के लिहाज से भारत को हल्का फायदा दिख सकता है। हालांकि, दक्षिण अफ्रीका महिला टीम ने सेमीफाइनल में इंग्लैंड को और भारत ने ऑस्ट्रेलिया को हराकर दिखा दिया है कि दबाव में बड़े पल को कैसे जीता जाता है।
INDW vs SAW: दोनों टीमें इतिहास रचने के करीब
भारतीय महिला टीम और दक्षिण अफ्रीका महिला टीम ने इस टूर्नामेंट में कई उतार चढ़ाव देखे। भारत लीग स्टेज में उन तीन टीमों को नहीं हरा पाया जो उससे ऊपर रहीं, लेकिन नॉकआउट में टीम पूरी मजबूती के साथ उतरी। दूसरी ओर दक्षिण अफ्रीका महिला टीम ने शर्मनाक 69 और 97 पर ऑलआउट होने के बाद खुद को शानदार तरीके से संभाला और नए हीरो सामने आए। दोनों टीमों ने सेमीफाइनल में अपने डर को हराया और वह प्रतिद्वंद्वी भी हराया जिसे वे अक्सर नॉकआउट में मात देने में चूक जाती थीं।
दक्षिण अफ्रीका ने गुवाहाटी में इंग्लैंड को हराकर विश्व कप नॉकआउट में पहली बार जीत दर्ज की और भारत ने नवी मुंबई में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ धमाकेदार जीत से सेमीफाइनल का जश्न मनाया। अब फाइनल में दोनों टीमें नई कहानी लिखने को तैयार हैं और यह यकीन दिलाने को भी कि विश्व कप में हमेशा वही दो टीमें हावी नहीं रहेंगी जिनका नाम पिछले कई सालों से सुनते आए हैं।
India Women vs South Africa Women: किसके पास है शुरुआती बढ़त?
भारत को सबसे बड़ा फायदा घरेलू परिस्थितियों, दर्शकों के समर्थन और उसी मैदान पर लगातार लय में होने से मिल सकता है। भारतीय टीम यहां तीन मैच खेल चुकी है और सभी में जीत दर्ज की है। दर्शकों की संख्या 30 हजार से अधिक होने की उम्मीद है, जो भारतीय खिलाड़ियों के लिए उर्जा का सबसे बड़ा स्रोत बनने जा रहा है। भारत के लिए एक चुनौती यह होगी कि सेमीफाइनल की ऐतिहासिक जीत के बाद खिलाड़ी उत्साह को शांत रखकर फाइनल में दोबारा फोकस कर पाए।
दक्षिण अफ्रीका इस मैदान पर अब तक एक भी मैच नहीं खेल पाया है। उन्हें परिस्थितियों को जल्दी समझने की जरूरत होगी। हालांकि उनके पास सेमीफाइनल से फाइनल तक थोड़ा अधिक रिकवरी समय रहा है, जिससे टीम शारीरिक और मानसिक रूप से तरोताजा होगी। दक्षिण अफ्रीका के पास इस समय बैटिंग में पावर और डेथ ओवर में फिनिशिंग की क्षमता वाला अच्छा कॉम्बिनेशन है और गेंदबाजों में अनुभव भी है।
INDW vs SAW: किसका पलड़ा भारी?
पिछले पांच मैचों में भारत का प्रदर्शन अस्थिर रहा है। टीम की फॉर्म WWLLL रही है, जिसमें अंतिम मैच जीतने से आत्मविश्वास जरूर बढ़ा है। वहीं दक्षिण अफ्रीका ने अपनी पिछली पांच पारियों में केवल एक मैच गंवाया है और WLWWW का रिकॉर्ड दिखाता है कि टीम लय में है।
हालांकि, फाइनल में फॉर्म से ज्यादा मानसिक मजबूती और परिस्थितियों के अनुसार सामंजस्य महत्वपूर्ण होगा। भारत के पास घरेलू समर्थन और तीखा मोमेंटम है, जबकि दक्षिण अफ्रीका लगातार जीत से बेहतर आत्मविश्वास में है।
शेफाली वर्मा और नादिन डी क्लार्क पर रहेगा खास फोकस
शेफाली वर्मा को प्रातिका रावल की चोट के बाद फिर से ओपनिंग में मौका मिला। सेमीफाइनल में उन्होंने कुछ आकर्षक चौके लगाए लेकिन यह पारी लंबी नहीं चली। शैफाली का आखिरी वनडे अर्द्धशतक जुलाई 2022 में आया था, लेकिन दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ उनका रिकॉर्ड अच्छा है।
उन्होंने महिला वर्ल्ड कप 2022 में 46 गेंद में 53 रन बनाए थे और 2024 में भी उन्होंने लगभग इसी गेंदबाजी लाइनअप के खिलाफ टेस्ट मैच में दोहरा शतक जड़ा था। फाइनल के मंच पर उनके पास खुद को साबित करने और आलोचनाओं को पीछे छोड़ने का सुनहरा मौका है।
नादिन डी क्लार्क इस वर्ल्ड कप में उभरकर सामने आई हैं और लीग मैच में भारत के खिलाफ 54 गेंद में 84 रन की नाबाद पारी से उन्होंने सबका ध्यान खींचा था। वह अब तक 10 छक्के जड़ चुकी हैं और इस टूर्नामेंट में सबसे तेज स्ट्राइक रेट रखने वाली खिलाड़ी हैं। अगर उन्हें इस मैच में थोड़ा समय मिला तो वह मैच का रुख बदल सकती हैं। गेंदबाजी में भी उनके ऑफकटर भारत के बल्लेबाजों को परेशान कर सकते हैं।
भारतीय महिला टीम की संभावित प्लेइंग इलेवन और टीम कॉम्बिनेशन
भारत ने सेमीफाइनल में बैलेंस्ड कॉम्बिनेशन उतारा था, जिसमें बैटिंग डेप्थ नंबर 8 तक रही और छह गेंदबाजी विकल्प उपलब्ध थे। फील्डिंग में भारत कुछ मौके छोड़ गया, लेकिन तीन रनआउट ने मैच का रुख पलट दिया। फाइनल में सबसे बड़ा चयन सवाल यह है कि राधा यादव या स्नेह राणा में से किसे चुना जाए।
राधा पिछला मैच महंगा साबित हुईं, लेकिन उनकी फील्डिंग और पारी रोकने की क्षमता उपयोगी रही। स्नेह राणा के आने से बल्लेबाजी और गहरी हो सकती है, हालांकि दक्षिण अफ्रीका के बल्लेबाजी क्रम में बाएं हाथ के बल्लेबाज नहीं हैं इसलिए भारत राधा को बरकरार रख सकता है।
भारत की संभावित प्लेइंग XI: स्मृति मंधाना, शैफाली वर्मा, जेमिमा रोड्रिग्स, हरमनप्रीत कौर (कप्तान), दीप्ति शर्मा, ऋचा घोष (विकेटकीपर), अमनजोत कौर, राधा यादव/स्नेह राणा, क्रांति गौड़, श्री चरनी, रेनुका सिंह
दक्षिण अफ्रीका महिला टीम की संभावित प्लेइंग इलेवन और टीम कॉम्बिनेशन
सेमीफाइनल में दक्षिण अफ्रीका ने बिना बदलाव टीम उतारी थी। ताजमिन ब्रिट्स फील्डिंग के दौरान चोटिल हुई थीं, लेकिन उन्होंने संकेत दिया है कि वह फाइनल खेलेंगी। अगर दक्षिण अफ्रीका को अतिरिक्त गेंदबाजी विकल्प चाहिए तो अनेके बॉश की जगह मसाबाटा क्लास को चुना जा सकता है। हालांकि बैटिंग लंबी रखने के लिए बॉश या डेरेकसेन को बरकरार रखने की भी संभावना है।
दक्षिण अफ्रीका की संभावित प्लेइंग XI: लौरा वुल्वार्ट (कप्तान), ताजमिन ब्रिट्स, अनेके बॉश/मसाबाटा क्लास, सुने लूस, मरिज़ान कैप, सिनालो जाफ्ता (विकेटकीपर), अनेरी डेरेकसेन, क्लोए ट्रायॉन, नादिन डी क्लार्क, आयाबोंगा खाका, नोंकुलुलेको म्लाबा
INDW vs SAW: पिच रिपोर्ट और मौसम
नवी मुंबई में इस बार नवंबर में भी बारिश हो रही है जो चौंकाने वाली बात है। रविवार को भी शाम के बाद बारिश की संभावना है और मैच प्रभावित हो सकता है। पिच बल्लेबाजों के लिए अनुकूल रही है और ओस (ड्यू) का असर भी देखने को मिल सकता है जिससे दूसरे हाफ में गेंदबाजों को मुश्किल होगी। मैच पूरा नहीं हो पाया तो सोमवार को रिजर्व डे रखा गया है जहां खेल वहीं से जारी होगा जहां रुका था।
अहम आंकड़े और दिलचस्प तथ्य
- नोंकुलुलेको म्लाबा ने स्मृति मंधाना को सात वनडे पारियों में तीन बार आउट किया है और उनके खिलाफ 81 गेंद में केवल 67 रन दिए हैं
- जेमिमा रोड्रिग्स और मरिज़ाने कैप का मुकाबला देखने लायक रहेगा। कैप ने उन्हें दो बार आउट किया है और 40 गेंद में केवल 16 रन दिए हैं
- कैप ने हरमनप्रीत कौर को भी काफी परेशान किया है और 13 पारियों में चार बार आउट किया है
- दीप्ति शर्मा के खिलाफ लौरा वुल्वार्ट ने 173 गेंद में केवल 95 रन बनाए हैं और तीन बार आउट हुई हैं
- भारत 2005 और 2017 के बाद अपना तीसरा फाइनल खेलेगा और अब तक कोई टीम तीन फाइनल खेलकर भी ट्रॉफी नहीं जीतने का रिकॉर्ड नहीं चाहती
- दक्षिण अफ्रीका ने इस विश्व कप में सबसे ज्यादा 31 छक्के लगाए हैं
- लौरा वुल्वार्ट 40 रन और बनाते ही किसी एक विश्व कप संस्करण में सबसे ज्यादा रन बनाने वाली बल्लेबाज बन जाएंगी
Women Women’s World Cup 2025 Final: कौन जीत सकता है यह मैच?
फाइनल में दबाव और परिस्थिति के अनुकूल ढलने की क्षमता परिणाम तय करेगी। भारत के पास घरेलू समर्थन, मैदान की समझ और पिछले मैच की जीत की गर्मी है। दक्षिण अफ्रीका ने इस टूर्नामेंट में लगातार बेहतर प्रदर्शन कर आत्मविश्वास हासिल किया है। दोनों टीमों के बीच छोटे क्षण और छोटे फैसले मैच का रुख बदल सकते हैं। टॉस भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा, क्योंकि ओस बल्लेबाजी को दूसरे हाफ में थोड़ा और आसान बना सकती है।
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