Friday, February 13

जब से टी-20 क्रिकेट अपने अस्तित्व में आया है, तब से ही कई बल्लेबाजों को वनडे और टेस्ट क्रिकेट में कुछ प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। टी-20 में बल्लेबाज को तेज गति से रन बनाने पड़ते हैं, जबकि वनडे और टेस्ट फॉर्मेट में ऐसा नहीं होता है। यहां पर बल्लेबाज को मौजूदा स्थिति को देखते हुए संभलकर खेलने की जरूरत होती है। वनडे क्रकेट को खेलने में आजकल के मॉर्डन टी-20 बल्लेबाजों को ज्यादा दिक्कत हो रही है, क्योंकि यहां पर टी-20 की तरह हर वक्त बल्ला चलाने की जरूरत नहीं होती है। गेम के हालात को देखते हुए हर खिलाड़ी को खुद एडजस्ट करना होता है। इसका ताजा उदाहरण है भारत के टी-20 स्पेशलिस्ट कहे जाने वाले सूर्य कुमार यादव। सूर्य कुमार यादव के लिए साल 2023 वनडे के लिहाज से कुछ खासा नहीं रहा है। वो लगातार तीन बार गोल्डन डक का शिकार हो चुके हैं। ऐसे में कई लोग अब उनके वनडे करियर को लेकर सवाल भी खड़े कर रहे हैं। खैर आज हम आपको दुनिया के पांच ऐसे बल्लेबाजों के बारे में बताने जा रहे हैं जो लगातार तीन बार गोल्डन डक का शिकार हो चुके हैं।

सूर्य कुमार यादव

इस लिस्ट में सबसे पहला नाम सूर्य कुमार यादव का है। इसकी वजह उनका ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ घरेलू सीरीज के पहले मैच में मिशेल स्टार्क की गेंद पर एलबीडब्ल्यू आउट होना है। इसके बाद लगातार विशाखापट्टनम और चेन्नई की पिच पर भी वोर अपनी पहली गेंद विकेट दे बेठे। इस हिसाब से वो लगातार तीन बार गोल्डन डक का शिकार होने वाले बल्लेबाजों की लिस्ट में पहले नंबर पर हैं।

एंड्रयू साइमंड्स

इस लिस्ट में ऑस्ट्रेलिया के पूर्व दिग्गज ऑलराउंडर एंड्रयू साइमंड्स का नाम शामिल है। वो इंग्लैंड व न्यूजीलैंड के खिलाफ लगातार तीन बार गोल्डन डक का शिकार हुए हैं। साल 2004 में इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज के अंतिम मैच में अपना खाता नहीं खोल सके थे। इसके बाद न्यूजीलैंड के साथ वो लगातार दो बार पहली ही गेंद पर आउट हो गए।

शोएब मलिक

पाकिस्तान के सबसे अनुभवी बल्लेबाजों में से एक शोएब मलिक भी अपने आप को लगातार तीन बार गोल्डन डक का शिकार होने से नहीं बचा पाए हैं। साल 2004 में पाकिस्तान की टीम एक सीरीज खेलने के लिए न्यूजीलैंड पहुंची थी। इस दौरान शोएब मलिक ने एक अनोका रिकॉर्ड स्थापित कर दिया। दरअसल, न्यूजीलैंड के महान स्पिन गेंदबाज डिनियल विटोरी, डेरेल टफी और क्रिस क्रेयंस ने शोएब मलिक को तीन बार लगातार गोल्डन डक का शिकार बनाकर एक नया किर्तीमान स्थापित कर दिया।

महेला जयवर्धने

श्रीलंका के पूर्व बल्लेबाज व कप्तान महेला जयवर्धने का नाम दुनिया के महानतम बल्लेबाजों की लिस्ट में शुमार है। उन्होंने अपने क्रिकेट करियर के दौरान कई अनोखे रिकॉर्ड स्थापित किए हैं। बावजूद इसके वो भी अपने आप को तीन बार लगातार गोल्डन डक का शिकार होने से खुद को नहीं बचा पाए हैं। 2008 में जिंबाब्वे के खिलाफ त्रिकोणीय सीरीज में महिला जयवर्धने तीन बार गोल्डन डक का शिकार हो चुके हैं।

सलमान बट

तीन बार लगातार गोल्डन डक का शिकार होने की लिस्ट में पाकिस्तानी बल्लेबाज किसी से पीछे नहीं हैं। शोएब मलिक के बाद पूर्व पाकिस्तानी सलामी बल्लेबाज सलमान बट भी अपने दौर में तीन बार लगातार गोल्डन डक का शिकार हो चुके हैं। साल 2010 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ वो पहली बार गोल्डन डक का शिकार हुए। इसके बाद श्रीलंका के खिलाफ लगातार दो बार वो अपनी पहली गेंद पर विकेट गवा बैठे थे।

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साल 2020 से स्पोर्ट्स पत्रकारिता में एक सिपाही के तौर पर कार्यरत हूं। प्रत्येक खेल में उसके सभी पहलुओं के धागे खोलकर आपके सामने रखने की कोशिश करूंगा। विराट व रोहित का बल्ला धोखा दे सकता है, लेकिन आपको यहां खबरों की विश्वसनियता पर कभी धोखा नहीं मिलेगा। बचपन से ही क्रिकेट के साथ-साथ अन्य खेलों में खास दिलचस्पी होने के कारण इसके बारे में लिखना बेहद पसंद है।

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