टीम इंडिया के ऑलराउंडर वाशिंगटन सुंदर को भले ही नेशनल टीम में जगह न मिल रही हो, लेकिन अब वो इंग्लैंड जाकर काउंटी चैंपियनशिप में खेलते हुए दिखाई देंगे। वो वहां पर टीम का प्रतिनिधित्व करते हुए दिखेंगे। अंतिम कुछ मैचों के लिए वो टीम का साथ देंगे और रेलेगेशन से बचाने की कोशिश करेंगे। तो चलिए जानते हैं कि सुंदर किस टीम से और कितने मैच खेलेंगे।
हैम्पशायर के लिए काउंटी खेलेंगे सुंदर

वाशिंगटन सुंदर ने इंग्लैंड की काउंटी चैंपियनशिप में खेलने का करार किया है। वो हैम्पशायर की टीम से खेलते हुए दिखाई देंगे। उनके लिए वो दो मैच खेलेंगे, जिसमें उनका लक्ष्य वेस्टइंडीज के खिलाफ खेली जाने वाली सीरीज के लिए तैयारी करना है। दरअसल, उन्हें एशिया कप और उसके बाद घर में ऑस्ट्रेलिया ए के खिलाफ हो रही सीरीज में मौका नहीं दिया गया था, जिसके चलते उन्होंने ये निर्णय लिया है।
रेलेगेट होने से बचने के लिए हैम्पशायर के लिए अगले दो मुकाबले जीतना जरूरी
उनका हैम्पशायर के लिए काउंटी खेलना काफी बड़ा क्षण है। क्योंकि उनकी टीम रेलेगेट होने वाली है और अब उनके अगले दो मैच समरसेट और सरे के खिलाफ खेलने हैं, जो कि मजबूत टीमें हैं। इसलिए अगर वो अपने बचे मुकाबले जीतने में सफल नहीं होते हैं, तो फिर उन्हें अगले सीजन के लिए रेलेगेट कर दिया जाएगा।
खराब पिच बनाने की वजह से कटे 8 पॉइंट्स
आपको बता दें कि हैम्पशायर की टीम के 8 पॉइंट्स काट दिए गए हैं, क्योंकि उन्होंने ससेक्स के खिलाफ मैच में अच्छी पिच तैयार नहीं की थी। क्रिकेट डिसिप्लिन कमेटी की सुनवाई में फैसला लिया गया कि उन्हें पॉइंट्स काटने के साथ जुर्माना भी लगाया जाएगा। बारिश की वजह से उनका आखिरी मैच ड्रॉ हो गया है, जिसके चलते अब उनके सामने काफी मुश्किलें आने वाली हैं।
सुंदर के जुड़ने से हैम्पशायर के सीओ हैं काफी खुश
हैम्पशायर के क्रिकेट निदेशक जॉली व्हाइट ने उनके टीम में शामिल होने पर काफी खुशी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि ‘‘वाशिंगटन सुंदर को काउंटी चैंपियनशिप के लिए अपने क्लब में शामिल करने पर हमें खुशी हो रही है। इस समर इंग्लैंड के खिलाफ सीरीज उनके लिए शानदार रही। समरसेट और सरे के खिलाफ आने वाले दो मैचों में वह अहम भूमिका निभाएंगे।’’
इंग्लैंड सीरीज में अच्छा था प्रदर्शन
वाशिंगटन ने इस साल इंग्लैंड सीरीज में अच्छा प्रदर्शन किया था। उन्होंने 4 मैचों में 47.33 की औसत से 284 रन बनाए, जिसमें उनका बेस्ट स्कोर नाबाद 101 रहा था। मैनचेस्टर में उनके शतक के चलते भारतीय टीम मैच ड्रॉ कराने में सफल हुई थी। युवा ऑलराउंडर की टीम इंडिया में जगह लगभग पक्की है, इस वजह से उन्हें इंडिया ए की सीरीज के लिए नहीं चुना गया था।

