भारत और पाकिस्तान के बीच हाल ही में बढ़े तनाव के चलते PSL 2025 कुछ समय के लिए स्थगित कर दिया गया था। इस दौरान कई विदेशी खिलाड़ियों ने पाकिस्तान छोड़ने की कोशिश की, लेकिन इसी बीच एक विवाद ने सबका ध्यान खींचा। बांग्लादेश के खिलाड़ी रिशाद हुसैन ने दावा किया था कि इंग्लैंड के तेज़ गेंदबाज़ टॉम करन डर के मारे बच्चों की तरह रोने लगे थे। अब टॉम करन ने इस पूरे मामले पर चुप्पी तोड़ते हुए अपनी बात रखी है।
“मैं नहीं रोया, बल्कि हालात का सामना करने के लिए तैयार था” – टॉम करन
लाहौर कलंदर्स की ओर से खेलने वाले टॉम करन ने इंस्टाग्राम पर एक स्टोरी शेयर करते हुए कहा कि उन्होंने कभी नहीं रोया और हालात से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार थे।
उन्होंने लिखा, “मैं खुश हूं कि सबकुछ दोबारा शुरू हो रहा है और मैं दोनों खास देशों के बीच शांति की दुआ करता हूं। वैसे वादा करता हूं, मैं नहीं रोया था; मैं तैयार था।”
यह बयान सीधे तौर पर रिशाद हुसैन के उस दावे का जवाब था, जिसमें उन्होंने कहा था कि भारत-पाक तनाव के बीच करन एयरपोर्ट पहुंचे लेकिन बंद होने की खबर सुनते ही रोने लगे।
क्या था रिशाद हुसैन का बयान जिसने विवाद खड़ा कर दिया?
Cricbuzz को दिए इंटरव्यू में रिशाद ने दावा किया था, “टॉम करन एयरपोर्ट पहुंचे लेकिन पता चला कि वह बंद है। इसके बाद वह छोटे बच्चे की तरह रोने लगे और उन्हें शांत करने के लिए दो-तीन लोगों की ज़रूरत पड़ी।”
इस बयान के बाद टॉम करन और न्यूज़ीलैंड के डेरिल मिशेल को लेकर सोशल मीडिया पर तमाम चर्चाएं शुरू हो गईं। दोनों खिलाड़ियों को लेकर अफवाहें फैलने लगीं कि वे डर के मारे पाकिस्तान छोड़ने की कोशिश कर रहे थे।
रिशाद ने मांगी माफ़ी, कहा- मेरी बात को गलत तरीके से पेश किया गया
विवाद गहराने के बाद रिशाद हुसैन ने एक आधिकारिक बयान जारी कर सफाई दी। उन्होंने कहा, “मुझे पता है कि मेरे बयान ने भ्रम फैलाया और मीडिया में इसे जिस तरह पेश किया गया, वह सच्चाई नहीं थी। मेरी बात को संदर्भ से हटाकर बताया गया, जिससे भावनाएं बढ़ा-चढ़ाकर दिखीं।”
रिशाद ने आगे कहा, “मैं डेरिल मिशेल और टॉम करन से बिना शर्त माफ़ी मांगता हूं। मेरी मंशा उन्हें ठेस पहुंचाने की नहीं थी।”
17 मई से दोबारा शुरू होगा PSL 2025, PCB ने की पुष्टि
इस पूरे विवाद के बीच पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) ने पुष्टि की है कि PSL 2025 को 17 मई से फिर से शुरू किया जाएगा। बोर्ड के चेयरमैन मोहसिन नक़वी ने सोशल मीडिया पर जानकारी दी कि टूर्नामेंट का संशोधित कार्यक्रम जल्द जारी किया जाएगा। इस बार फाइनल मुकाबला 25 मई को खेला जाएगा।
क्या यह विवाद अब शांत हो जाएगा?
टॉम करन की ओर से आई स्पष्ट प्रतिक्रिया और रिशाद हुसैन की माफ़ी के बाद ऐसा लग रहा है कि यह विवाद यहीं थम जाएगा। हालांकि, यह घटना एक बार फिर यह दिखाती है कि कैसे खिलाड़ी संवेदनशील स्थितियों में भी अफवाहों और गलत बयानों के शिकार हो जाते हैं।
स्पोर्ट्स से जुड़ी ताजा खबरों के लिए Sports Digest Hindi के साथ जुड़े रहें और हमें यूट्यूब, फेसबुक, इंस्टाग्राम, और ट्विटर (X) पर भी फॉलो करें।







