Sunday, February 15

पहले की तुलना में आज के क्रिकेट का स्वरूप काफी हद तक बदल गया है। आज क्रिकेट टेकनोलॉजी के कारण काफी स्पष्ट हो गया है। अब क्रिकेट में बल्ले से लेकर विकेट व पिच की गुणवत्ता में काफी सुधार हो गया है। वर्तमान दौर में क्रिकेट तीन प्रारूपों टेस्ट, वनडे और टी-20 फॉर्मेट में खेला जाता है। टेस्ट क्रिकेट में लाल गेंद का, जबकि वनडे और टी-20 में सफेद गेंद का इस्तेमाल किया जाता है।

क्रिकेट की गेंद का इतिहास

क्रिकेट की गेंद का इतिहास बताता है कि 17वीं शताब्दी के दौर में क्रिकेट खिलाड़ी ऊन के द्वारा निर्मित गेंद का इस्तेमाल करते थे। इसके कुछ सालों बात या यूं कहें कि आज के दौर में लेदर की गेंद का इस्तेमाल किया जाता है। क्रिकेट जानकारों के मुताबिक लेदर की गेंद का पहली बार 1744 में हुआ था। उस वक्त केवल लाल गेंद का ही प्रयोग क्रिकेट खेलने कि लिए किया जाता था। अगर गेंद के वजन की बात करें तो वर्तमान में इसका कुल वजन 160 ग्राम होता है।

Cricket ball History

कुछ ऐसे तैयार होती है गेंद

क्रिकेट की गेंद बनाने का प्रोसेस काफी महत्वपूर्ण होता है। खासतौर पर हिदुंस्तान में दो जगह की गेंद काफी लोकप्रिय हैं। इसमें से पहला शहर यूपी का मेरठ है और दूसरा पंजाब का जालंधर। इन दोनों जगहों पर निर्मित गेंद की क्वालिटी का अच्ची मानी जाती है। क्रिकेट बॉल के निर्माण के लिए सबसे पहले कॉर्क की जरूरत होती है। इसके बाद ही कॉर्क पर लेदर की पट्टी चढ़ाई जाती है। इसके बाद लेदर को सुखाया जाता है और इसकी सिलाई की जाती है। गेंद बनाने में सिलाई ही एक ऐसा भाग है जिसके आधार पर गेंद की गुणवत्ता निर्भर होती है। गेंद को क्वालिटी को चेक करने के लिए इसे 1400 पाउंड के वजन को झेलने वाले टेस्ट से गुजरना पड़ता है। यदि गेंद इतना वजन नहीं झेल पाती है तो इसे रिजेक्ट कर दिया जाता है।

क्या है गेंद की कीमत

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैचों की गेंद की कीमत आमतौर पर 15 हजार रूपये तक होती है। लेकिन कुछ कंपनी एक गेंद के लिए 20 हजार रूपये तक लेती हैं। कुल मिलाकर गेंद की कीमत कंपनी पर निर्भर करती है।

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साल 2020 से स्पोर्ट्स पत्रकारिता में एक सिपाही के तौर पर कार्यरत हूं। प्रत्येक खेल में उसके सभी पहलुओं के धागे खोलकर आपके सामने रखने की कोशिश करूंगा। विराट व रोहित का बल्ला धोखा दे सकता है, लेकिन आपको यहां खबरों की विश्वसनियता पर कभी धोखा नहीं मिलेगा। बचपन से ही क्रिकेट के साथ-साथ अन्य खेलों में खास दिलचस्पी होने के कारण इसके बारे में लिखना बेहद पसंद है।

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