Thursday, June 11

Los Angeles Olympics: इंटरनेशनल ओलंपिक कमेटी इस समय ट्रांसजेंडर महिला खिलाड़ियों को लेकर एक बड़ा फैसला लिया है। क्यूंकि बीते दिन गुरुवार को जारी की गई नई एलिजिबिलिटी (पात्रता) नीति के तहत अब ट्रांसजेंडर महिला खिलाड़ियों को महिला वर्ग की प्रतियोगिताओं में हिस्सा लेने की अनुमति नहीं होगी। इसके चलते हुए अब ओलंपिक या किसी भी आईओसी इवेंट में महिला वर्ग की सभी टूर्नामेंटों में केवल बायोलॉजिकल महिलाओं को ही भाग लेने का अधिकार होगा।

इसके अलावा अब इंटरनेशनल ओलंपिक कमेटी का यह फैसला विज्ञान पर आधारित है और महिला खिलाड़ियों के बीच निष्पक्षता, सुरक्षा और समानता सुनिश्चित करने के लिए लिया गया है। इसके चलते हुए अब उनकी यह नई नीति 2028 के लॉस एंजेलिस ओलंपिक से लागू हो जाएगी। इस बीच हम बता देना चाहते हैं कि इसको लेकर लंबे समय से चर्चा चल रही थी और अब इसे लागू कर दिया गया है।

कैसे तय होगी खिलाड़ियों की एलिजिबिलिटी :-

Kirsty Coventry
Kirsty Coventry

इसके अलावा अब इस नई नीति के अनुसार महिला वर्ग में भाग लेने के लिए खिलाड़ियों की पात्रता एक बार होने वाले एसआरवाई जीन स्क्रीनिंग टेस्ट से तय की जाएगी। क्यूंकि यह टेस्ट डीएनए का एक हिस्सा जांचता है जो आमतौर पर पुरुष विकास से जुड़ा होता है। वहीं यह टेस्ट जीवन में केवल एक बार करना होता है जो खिलाड़ियों के लिए आसान और कम परेशानी वाला होता है। इस बीच अब आईओसी का कहना है कि यह वर्तमान में उपलब्ध सबसे सटीक और कम हस्तक्षेप वाला तरीका है।

काफी समय से चली है नई नीति बनाने की प्रक्रिया :-

इसके अलावा यह नीति सितंबर 2024 से लेकर मार्च 2026 तक चली समीक्षा का ही नतीजा है। क्यूंकि इस नीति में काफी चिकित्सा विशेषज्ञों, वैज्ञानिकों और संबंधित क्षेत्रों के जानकारों से व्यापक चर्चा की गई है। वहीं इस समीक्षा का मुख्य लक्ष्य महिला वर्ग में निष्पक्ष खेल सुनिश्चित करना है।

Kirsty Coventry
Kirsty Coventry

इसके चलते हुए अब आईओसी ने स्पष्ट किया है कि यह नीति केवल ओलंपिक और आईओसी इवेंट्स पर ही लागू होगी। वहीं इस नीति को रेट्रोएक्टिव नहीं बनाया गया है। इसके चलते पुरानी घटनाओं पर इसका असर नहीं पड़ेगा। इसके चलते हुए यह अब ग्रासरूट या आम खेल कार्यक्रमों पर लागू नहीं होती है।

नई नीती पर आया आईओसी प्रमुख का बयान :-

इस बीच अब आईओसी की अध्यक्ष किर्स्टी कोवेंट्री जो खुद एक पूर्व एथलीट हैं, ने नीति पर बात करते हुए कहा है कि, “मैं एक पूर्व खिलाड़ी के रूप में सभी ओलंपियनों के निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा के अधिकार में पूरी तरह विश्वास करती हूं। यह नीति विज्ञान पर आधारित है और चिकित्सा विशेषज्ञों के नेतृत्व में तैयार की गई है।” इसके आगे उन्होंने कहा कि, “ओलंपिक खेलों में बहुत छोटे अंतर से जीत और हार तय होती है।

Kirsty Coventry
Kirsty Coventry

तभी तो अब बायोलॉजिकल पुरुषों का महिला वर्ग में प्रतिस्पर्धा करना निष्पक्ष नहीं होगा। इसके अलावा कई खेलों में तो यह सुरक्षित भी नहीं होगा।” इसके आगे उन्होंने कहा कि अब हर खिलाड़ी के साथ सम्मान और गरिमा से व्यवहार किया जाएगा। तभी तो अब इस स्क्रीनिंग प्रक्रिया के बारे में स्पष्ट शिक्षा दी जाएगी और जरूरत पड़ने पर काउंसलिंग तथा चिकित्सा सलाह उपलब्ध कराई जाएगी।

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Sports Content Writer लाखन सैनी (Lakhan Saini) एक स्पोर्ट्स कंटेंट राइटर हैं, जो खेलों की दुनिया की बारीकियों को समझने और उसे सरल, सटीक और प्रभावशाली अंदाज में लिखने के लिए जाने जाते हैं। वे क्रिकेट, फुटबॉल, टेनिस और अन्य खेलों की ख़बरें लिखने में महारत रखते हैं। उनकी लेखनी का उद्देश्य पाठकों को ताजा और सटीक जानकारियों के साथ अपडेट रखना है।

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