टीम इंडिया और न्यूज़ीलैंड के बीच वनडे सीरीज़ की समाप्ति के बाद अब टी20 सीरीज़ का आग़ाज़ होने जा रहा हैं। इस सीरीज़ से पहले कीवी टीम को झटके लग रहे हैं। क्योंकि उनके खिलाड़ी चोटिल हो रहे हैं।
न्यूज़ीलैंड के स्टार ऑलराउंडर अब चोट के चलते वनडे सीरीज़ से बाहर हो गए हैं और अब उनकी जगह टीम में कोहली को लगातार दो बार आउट करने वाले गेंदबाज़ को मौका दिया गया हैं। तो चलिए जानते हैं कि कौन है वो खिलाड़ी।
माइकल ब्रेसवेल हुए चोट के चलते शुरुआती 3 मैचों से बाहर

न्यूज़ीलैंड के ऑफ स्पिन ऑलराउंडर माइकल ब्रेसवेल चोट के चलते टी20 सीरीज़ के शुरुआती 3 मुकाबलों से बाहर हो गए हैं। उनको इंडिया के खिलाफ खेले गए तीसरे वनडे के दौरान चोट लगी थी।
ऑफ स्पिन ऑलराउंडर का फील्डिंग करते समय पिंडली में खिंचाव की समस्या आई थी जिसके चलते वो मैदान छोड़कर चले गए थे और गेंदबाज़ी भी नहीं की थी। उस मैच में उनकी जगह पर डेरिल मिचेल स्टैंड-इन कप्तान बने थे और बचे मैच में उन्होंने ही कप्तानी की थी।
ब्रेसवेल की जगह क्लार्क को मिला मौका
माइकल ब्रेसवेल चोट के चलते शुरुआती 3 टी20 मुकाबलों से बाहर हो गए हैं। उनके बाहर होने की जानकारी न्यूज़ीलैंड क्रिकेट बोर्ड ने दी और साथ ही उनका रिप्लेसमेंट का भी ऐलान कर दिया। ब्रेसवेल की जगह पर तेज़ गेंदबाज़ क्रिस्टन क्लार्क को मौका दिया गया है। क्लार्क ने इंडिया के खिलाफ वनडे सीरीज़ में काफ़ी अच्छा प्रदर्शन किया था।
क्लार्क ने वनडे सीरीज़ में विराट कोहली को दो बार किया था आउट
ब्रेसवेल की जगह क्रिस्टन क्लार्क को मौका दिया गया है। उन्होंने काफ़ी अच्छी गेंदबाज़ी की थी। क्लार्क ने इस सीरीज़ के 3 मुकाबलों में 2 बार विराट कोहली को आउट किया था।
इसी सीरीज़ में 24 वर्षीय तेज़ गेंदबाज़ ने डेब्यू किया था लेकिन उनके खेल को देखते हुए लग नहीं रहा था कि यह उनकी पहली सीरीज़ है। जिस परिपक्वता के साथ उन्होंने गेंदबाज़ी की और अहम मौकों पर रन बनाए थे उसको देखकर लग रहा था कि वो काफ़ी समय से अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट खेल रहे हों। हालाँकि उन्हें सिर्फ शुरुआती 3 मैचों के लिए ही टीम में जगह दी गई हैं।
ब्रेसवेल के अंतिम दो मैच से पहले फिट होने की उम्मीद
माइकल कब तक फिट होंगे इसके बारे में अभी कोई जानकारी नहीं दी गई हैं। लेकिन उन्हें अंतिम दो मैच से पहले फिट होने की उम्मीद जताई जा रही हैं। ब्रेसवेल का फिट होना न्यूज़ीलैंड के नज़रिये से काफ़ी ज़रूरी हैं। क्योंकि, अगर वो फिट होते हैं तो कीवी टीम को बैलेंस मिल जाता हैं।

