Asian Games: ओलंपिक काउंसिल ऑफ एशिया अब एशियन गेम्स को समर ओलंपिक 2032 से ठीक एक साल पहले रीशेड्यूल करने का प्लान बना रहा है। इसके अलावा पहले से ही तय आइची-नागोया 2026 एशियन गेम्स अपने मूल स्लॉट 19 सितंबर से 4 अक्तूबर 2026 तक ही होने वाले हैं। इस बीच सबसे खास बात यह है कि भारत साल 1982 के बाद पहली बार एशियन गेम्स की मेजबानी करना चाहता है। आइए इसके बारे में विस्तार से जानते हैं।
एशियाड को ओलंपिक से एक साल पहले कराने की तैयारी में ओसीए :-
इसके चलते हुए अब ओलंपिक काउंसिल ऑफ एशिया (ओसीए) एशियन गेम्स को समर ओलंपिक साल 2032 से ठीक एक साल पहले रीशेड्यूल करने का प्लान बना रहा है। क्यूंकि इस बीच उनका केवल यह है कि वह इस महाद्वीपीय इवेंट को दुनिया के सबसे बड़े स्पोर्ट्स शोकेस के साथ बेहतर तरीके से व्यवस्थित करना है।

इसके बाद ओसीए के वाइस प्रेसिडेंट सॉन्ग लुजेंग ने बीते दिन सोमवार को सिन्हुआ को बताया है कि हमें यह समायोजन दोहा एशियन गेम्स से लागू होने की उम्मीद है। इसके चलते हुए इसको साल 2030 से 2031 में शिफ्ट कर दिया जाएगा। वहीं इस प्रस्ताव को ओसीए कार्यकारिणी बोर्ड ने पहले ही मंजूरी दे दी है। इसके अलावा अब इस प्रस्ताव पर इंटरनेशनल स्पोर्ट्स फेडरेशन के साथ आगे बातचीत चल रही है।
ओसीए वाइस प्रेसिडेंट सोंग ने और क्या कहा :-

इसके बाद ओसीए के वाइस प्रेसिडेंट सोंग ने कहा कि, “इससे एशियन गेम्स ओलंपिक के लिए क्वालिफाइंग इवेंट के तौर पर काम कर सकता है। इससे ज्यादा एलीट एथलीट को प्रतियोगिता के कीमती मौके मिलेंगे और गेम्स का ओवरऑल स्टैंडर्ड बढ़ेगा।”इसके आगे उन्होंने बताया कि ओलंपिक क्वालिफिकेशन को अभी इंटरनेशनल फेडरेशन मैनेज करते हैं।

जबकि ओसीए इस नए प्लान पर उनमें से कुछ के साथ बातचीत के आखिरी स्टेज में है। इसके चलते हुए अब अगर यह आइडिया मंजूर हो जाता है, तो यह बदलाव दोहा 2030 एशियन गेम्स से शुरू हो जाएगा। इसको फिर साल 2031 तक टाल दिया जाएगा। वहीं इस प्रस्ताव का असर रियाद 2034 एशियन गेम्स पर पड़ेगा, जो बाद में 2035 में होंगे।
इस साल तय समय पर होंगे एशियाड :-
इसके अलावा अब पहले से ही तय आइची-नागोया 2026 एशियन गेम्स अपने मूल स्लॉट 19 सितंबर से 4 अक्तूबर 2026 तक ही होने वाले हैं। लेकिन इस बीच अब सबसे खास बात यह है कि भारत साल 1982 के बाद पहली बार एशियन गेम्स की मेजबानी करना चाहता है। इस बीच अब भारत ने एशियन गेम्स 2038 की मेजबानी करने में अपनी दिलचस्पी दिखाई है।

इसके अलावा अब चीन के सान्या में ओलंपिक काउंसिल ऑफ एशिया (ओसीए) की कार्यकारिणी बोर्ड मीटिंग में इस प्रस्ताव पर चर्चा भी हुई है। लेकिन नई दिल्ली ने साल 1951 में एशियन गेम्स के पहले संस्करण की मेजबानी की थी। जबकि भारत ने आखिरी बार साल 1982 में इस इवेंट की मेजबानी की थी। तभी तो अब इसी वजह के चलते हुए भारत साल 2038 में होने वाले एशियन गेम्स की मेजबानी हासिल करने के लिए पूरा जोर लगाना चाहेगा।
स्पोर्ट्स से जुड़ी ताजा खबरों के लिए Sports Digest Hindi के साथ जुड़े रहें और हमें यूट्यूब, फेसबुक, इंस्टाग्राम, और ट्विटर (X) पर भी फॉलो करें।

